रांची न्यूज डेस्क: जन सुराज पार्टी के लापता डिजिटल कम्युनिकेशन मैनेजर देवपालिक गुप्ता का शव झारखंड के रांची में मिला है। 31 साल के देवपालिक उत्तर प्रदेश के कुशीनगर जिले के रहने वाले थे। वह सोमवार को जनशताब्दी एक्सप्रेस (12366) से रांची से पटना आ रहे थे। इसी दौरान मुरी जंक्शन से पहले वह अचानक लापता हो गए थे। अब उनका शव अनगड़ा थाना क्षेत्र के जरवाडीह के पास रांची-मुरी रेल मार्ग की डाउन लाइन के किनारे झाड़ियों में मिला है।
शव मिलने के बाद अनगड़ा थाना पुलिस और रेलवे पुलिस (जीआरपी) ने संयुक्त रूप से मामले की जांच शुरू कर दी है। देवपालिक के सिर और चेहरे पर खरोंच के निशान मिले हैं। आशंका जताई जा रही है कि उनकी मौत चलती ट्रेन से गिरने के कारण हुई होगी। हालांकि, वह ट्रेन से कैसे और किन परिस्थितियों में गिरे या लापता हुए, इसकी अभी पुष्टि नहीं हुई है। जन सुराज संघर्ष वाहिनी (जेएसवी) के प्रदेश अध्यक्ष ने भी सोशल मीडिया पर पोस्ट कर उनकी मौत की जानकारी दी है।
मुरी जंक्शन से पहले अचानक लापता हो गए थे देवपालिक
देवपालिक के एक दोस्त ने सोशल मीडिया पर बताया कि 26 अक्टूबर को वह अपने दो साथियों के साथ जनशताब्दी एक्सप्रेस से रांची से पटना के लिए निकले थे। ट्रेन के सी-2 कोच में उनकी सीट नंबर 50 थी। दोपहर करीब 3 बजे मुरी स्टेशन से पहले वह पेंट्री में खाना ऑर्डर करने गए थे। इसके बाद वह अचानक गायब हो गए। काफी देर तक जब उनके साथी उन्हें नहीं ढूंढ पाए, तो फोन किया, लेकिन उनका मोबाइल बंद मिला।
दोस्त के मुताबिक, ट्रेन आगे बढ़ी और करीब शाम 4:30 बजे बोकारो पहुंची। इसके बाद रेलवे की हेल्पलाइन ‘रेल मदद’ पर शिकायत की गई, लेकिन आरोप है कि वहां से कोई मदद नहीं मिली। साथियों का कहना है कि आरपीएफ और जीआरपी के बीच मामला एक-दूसरे के अधिकार क्षेत्र का बताकर टलता रहा। बोकारो जीआरपी में जाने पर उन्हें मुरी में शिकायत करने को कहा गया, जबकि मुरी पहुंचने पर रांची में मामला दर्ज कराने की बात कही गई।
साथियों के अनुसार, घटना दोपहर करीब 3 बजे हुई थी, लेकिन एफआईआर रात 9 बजे दर्ज की गई। उनका आरोप है कि पुलिस ने रात में तलाशी लेने की बात कही, लेकिन देवपालिक की तलाश नहीं की गई। फिलहाल, उनके लापता होने और मौत से जुड़ी परिस्थितियों की जांच की जा रही है।
प्रशांत किशोर की पार्टी से जुड़े थे देवपालिक
देवपालिक गुप्ता प्रशांत किशोर की जन सुराज पार्टी में डिजिटल कम्युनिकेशन मैनेजर के पद पर काम कर रहे थे। उन्होंने दिल्ली स्थित भारतीय जनसंचार संस्थान (आईआईएमसी) से पढ़ाई की थी। पार्टी के लिए उन्होंने बांकीपुर उपचुनाव के दौरान भी काम किया था।
देवपालिक के लापता होने के बाद जन सुराज की ओर से एफआईआर दर्ज कराई गई थी। पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता कुमार सौरभ सिंह ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन, रांची के उपायुक्त और पुलिस अधिकारियों से मामले में तुरंत हस्तक्षेप करने की अपील की थी। उन्होंने अपनी पोस्ट में झारखंड पुलिस और रांची जिला प्रशासन को भी टैग किया था।