रांची न्यूज डेस्क: राजधानी रांची और पूरे झारखंड में पिछले चार दिनों से लगातार हो रही बारिश ने अप्रैल की भीषण गर्मी पर पूरी तरह से ब्रेक लगा दिया है। मौसम में आया यह बड़ा बदलाव मई के पहले सप्ताह में भी स्पष्ट रूप से नजर आ रहा है, जहाँ तापमान सामान्य से नीचे बना हुआ है। पिछले वर्षों की तुलना में इस बार मौसम का पैटर्न काफी अलग रहा है, जिसने गर्मी की तीव्रता को समय से पहले ही नियंत्रित कर लिया है। सुबह और शाम के समय नमी बनी रहने से लोगों को काफी राहत महसूस हो रही है।
मौसम वैज्ञानिकों का अनुमान है कि पूरे मई माह के दौरान औसत तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से नीचे रहने की प्रबल संभावना है। हालांकि, दूसरे और तीसरे सप्ताह में गर्मी में हल्की बढ़ोतरी हो सकती है, लेकिन इसके रिकॉर्ड स्तर तक पहुंचने के आसार कम हैं। पिछले पांच वर्षों के आंकड़ों को देखें, तो 2024 में दर्ज 42.2 डिग्री सेल्सियस का अधिकतम तापमान इस बार टूटने की संभावना बेहद कम है। इसका मुख्य कारण बार-बार बनने वाला साइक्लोनिक सर्कुलेशन है, जो पूरे महीने सक्रिय रहकर रुक-रुक कर बारिश और ओलावृष्टि का कारण बन सकता है।
मौसम विभाग ने 3 से 8 मई तक राज्य के लिए आंधी, बारिश और वज्रपात को लेकर व्यापक अलर्ट जारी किया है। 3 मई को राज्य के अधिकांश हिस्सों में तेज हवाओं और गर्जन के साथ बारिश की संभावना है। वहीं, विभाग ने 4 मई के लिए 'ऑरेंज अलर्ट' जारी किया है, जिसमें 50 से 60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज आंधी और ओलावृष्टि की चेतावनी दी गई है। इसके बाद 5 और 6 मई को भी राज्य के कई हिस्सों में गरज के साथ वज्रपात और 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने के आसार हैं।
वायुमंडल में लगातार बन रहे मौसमी सिस्टम के कारण मौसम का यह बदला मिजाज पूरे मई महीने के दौरान लोगों को राहत देता रहेगा। प्रशासन ने लगातार बदलते मौसम और तेज हवाओं के झोंकों के मद्देनजर नागरिकों को सतर्क रहने की सलाह दी है। 7 और 8 मई को भी कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश और तेज हवाएं देखने को मिल सकती हैं। कुल मिलाकर, इस बार मई का महीना भीषण गर्मी के बजाय राहत भरे मौसम के साथ गुजरने की उम्मीद है।